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पीसीबी ने दासुन शनाका पर लगाया एक साल का प्रतिबंध, पीएसएल छोड़ने पर कार्रवाई

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने श्रीलंका के टी20 कप्तान दासुन शनाका पर पाकिस्तान सुपर लीग से नाम वापस लेने के कारण एक साल का प्रतिबंध लगा दिया है। शनाका ने पीएसएल छोड़ दिया था और इसके बाद वह इंडियन प्रीमियर लीग 2026 का हिस्सा बन गए, जहां उन्हें सैम करन की जगह राजस्थान रॉयल्स ने चोटिल खिलाड़ी के विकल्प के रूप में टीम में शामिल किया। इससे पहले पीएसएल जिम्बाब्वे के खिलाड़ी ब्लेसिंग मुजरबानी पर दो साल का प्रतिबंध लगा चुका है।

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने एक बयान जारी कर शनाका पर लगाए गए प्रतिबंध की पुष्टि की। बोर्ड ने कहा कि दासुन शनाका और लाहौर कलंदर्स से जुड़े हालिया अनुबंध मामलों की विस्तृत समीक्षा के बाद यह फैसला लिया गया है।

पीसीबी ने लगाया अनुबंध उल्लंघन का आरोप

बोर्ड के अनुसार, शनाका ने एकतरफा तरीके से लीग से नाम वापस लिया, जो कि खिलाड़ी पंजीकरण शर्तों और त्रिपक्षीय समझौते का उल्लंघन है।

बयान में कहा गया कि 21 मार्च 2026 को खिलाड़ी का टूर्नामेंट से हटना स्पष्ट रूप से अनुबंध नियमों का उल्लंघन था। यह फैसला ऐसे कारणों पर आधारित था जिन्हें मौजूदा अनुबंध ढांचे में मान्यता नहीं दी गई है।

बोर्ड ने यह भी कहा कि सुनवाई के दौरान खिलाड़ी ने अपनी गलती स्वीकार की और पाकिस्तान में खेलने की इच्छा जताई, लेकिन अनुबंध उल्लंघन की गंभीरता को देखते हुए कार्रवाई करना जरूरी था ताकि लीग की साख और विशिष्टता बनी रहे।

इस फैसले के तहत दासुन शनाका को तुरंत प्रभाव से 2027 में होने वाली पाकिस्तान सुपर लीग के अगले सीजन में खेलने के लिए अयोग्य घोषित कर दिया गया है।

शनाका ने जताया अफसोस

पीसीबी के मुताबिक, शनाका ने अपने फैसले पर पछतावा जताया है। उन्होंने कहा कि पीएसएल से हटने के अपने फैसले पर उन्हें गहरा अफसोस है और वह पाकिस्तान के लोगों, पीएसएल के प्रशंसकों और क्रिकेट समुदाय से माफी मांगते हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि पीएसएल एक प्रतिष्ठित टूर्नामेंट है और उनके इस कदम से जो निराशा हुई है, उसे वह समझते हैं। लाहौर कलंदर्स के प्रशंसकों से उन्होंने खास तौर पर माफी मांगी।

शनाका ने स्पष्ट किया कि जब उन्होंने पीएसएल छोड़ा था, तब किसी अन्य टूर्नामेंट में खेलने का उनका इरादा नहीं था। उन्होंने कहा कि उन्हें पाकिस्तान के प्रशंसकों का बहुत सम्मान है और वह भविष्य में फिर से पीएसएल में खेलने की उम्मीद रखते हैं।

शनाका को लाहौर कलंदर्स ने 75 लाख पाकिस्तानी रुपये में साइन किया था। उन्होंने 21 मार्च को पीएसएल छोड़ा और अगले ही दिन राजस्थान रॉयल्स ने उन्हें दो करोड़ रुपये में अपनी टीम में शामिल कर लिया।

ब्लेसिंग मुजरबानी विवाद में भी घिरा पीसीबी

हाल ही में पीसीबी ने जिम्बाब्वे के तेज गेंदबाज ब्लेसिंग मुजरबानी पर दो साल का प्रतिबंध लगाया था, क्योंकि उन्होंने पीएसएल छोड़कर आईपीएल में कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए खेलना चुना।

हालांकि मुजरबानी के मैनेजर ने पीसीबी के इस फैसले का विरोध किया और कहा कि खिलाड़ी को पीएसएल की ओर से कोई अनुबंध ही नहीं दिया गया था।

उन्होंने एक टाइमलाइन साझा करते हुए बताया कि 13 फरवरी 2026 को इस्लामाबाद यूनाइटेड ने मुजरबानी को खेलने का प्रस्ताव दिया था, जो जिम्बाब्वे क्रिकेट से एनओसी मिलने की शर्त पर आधारित था। लेकिन बिना अनुबंध के एनओसी मिलना संभव नहीं था।

27 फरवरी तक भी कोई अनुबंध नहीं मिला, जिसके बाद कोलकाता नाइट राइडर्स से प्रस्ताव आया और खिलाड़ी ने उसे स्वीकार कर लिया।

मैनेजर ने कहा कि बिना अनुबंध के किसी खिलाड़ी पर अनुबंध उल्लंघन का आरोप नहीं लगाया जा सकता, क्योंकि ऐसा कोई समझौता हुआ ही नहीं था।

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LastModified Date: 2026-04-21 02:08:16

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

Q. दासुन शनाका पर पीसीबी ने प्रतिबंध क्यों लगाया
A.

दासुन शनाका ने एकतरफा तरीके से पीएसएल से नाम वापस लिया, जिसे पीसीबी ने अनुबंध का उल्लंघन माना और इसी कारण एक साल का प्रतिबंध लगाया गया।

 

Q. क्या दासुन शनाका भविष्य में पीएसएल में खेल पाएंगे
A.

हां, वर्तमान प्रतिबंध केवल एक साल के लिए है। वह 2027 के बाद फिर से पीएसएल में खेलने के पात्र हो सकते हैं।

Avi
Avi

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