There has been a big change in the rules of relay catch, now these catches will not be valid

अक्सर हमने क्रिकेट के मैदान पर फील्डर को बाउंड्री के पास रिले कैच पकड़ते हुए देखा है. सूर्यकुमार यादव ने जब डेविड मिलर का 2024 t20 विश्व कप के फाइनल मुकाबले में रिले कैच पकड़ा था तो उस कैच की ही बदौलत भारत ने 2024 का T20 विश्व कप जीता था. लेकिन अब MCC (मैरीलेबोर्न क्रिकेट क्लब) ने इन पर नई रोक लगाने का फैसला लिया है.
नया नियम आईसीसी की प्लेइंग कंडीशंस में इसी महीने से लागू होगा, जबकि MCC के आधिकारिक कानूनों में यह बदलाव अक्टूबर 2026 से शामिल होगा. आइए जानते हैं क्या है नया नियम?
क्या है नया कैच का नियम?
अब कोई भी फील्डर बाउंड्री के बाहर जाकर बॉल को बार-बार टच नहीं कर सकता. अगर वह बाउंड्री के बाहर है, तो वह सिर्फ एक बार गेंद को छू सकता है, और उसके बाद बाउंड्री के अंदर लौटकर ही कैच को पूरा करना होगा. BBL 2023-24 में माइकल नेसर का एक चौंकाने वाला कैच चर्चा में रहा था, जिसमें उन्होंने बाउंड्री के बाहर कई बार गेंद को हवा में टच कर पिच के अंदर लाकर कैच पूरा किया. इसी घटना के बाद MCC ने यह फैसला लिया है.
रिले कैच के नियम में भी होगा बड़ा बदलाव
अब यदि एक फील्डर बाउंड्री लाइन पर खड़ा होकर गेंद को साथी खिलाड़ी की ओर फेंकता है और खुद लाइन से बाहर होता है, तो कैच वैध नहीं माना जाएगा. जब तक गेंद को पकड़ा नहीं जाता, तब तक गेंद को छूने वाले पहले फील्डर को बाउंड्री के भीतर रहना अनिवार्य होगा. यदि वह फील्डर बाउंड्री के बाहर है, तो बल्लेबाजी टीम को चार रन या छह रन मिलेंगे.
MCC का संशोधित नियम (Rule 19.5.2)
19.5.2 – यदि कोई फील्डर हवा में रहते हुए गेंद को छूता है, तो उससे पहले उसकी आखिरी ज़मीन से टच बाउंड्री के अंदर ही होनी चाहिए. नहीं तो उसे बाउंड्री के बाहर माना जाएगा.
19.5.2.1 – यदि फील्डर हवा में रहते हुए गेंद को छूता है और फिर वह ज़मीन पर गिरता है, तो गिरने के बाद उसके हर अगला टच भी बाउंड्री के अंदर ही होना चाहिए. अगर वो बाहर गिरता है, तो बल्लेबाज को बाउंड्री के रन मिलेंगे.
19.5.2.2 – अगर कोई फील्डर बाहर से कूदकर गेंद को अंदर फेंकता है, तो उसे गेंद के मरने तक मैदान के अंदर ही रहना होगा. अगर वह फिर से बाहर चला जाता है, तो बाउंड्री के रन दे दिए जाएंगे.
क्यों किया जा रहा है नियमों में बदलाव?
यह बदलाव आधुनिक क्रिकेट में बढ़ते ‘ड्रामैटिक कैचेस’ पर लगाम कसने की दिशा में बड़ा कदम है. अब फील्डरों को बाउंड्री पर हवा में झूलते हुए या बार-बार गेंद को हवा में उछालकर कैच को पूरा करने की छूट नहीं रहेगी. इससे खेल में स्पष्टता और निष्पक्षता बढ़ेगी.