Surya’s Crown at Risk: Poor Form Puts T20I Captaincy in Jeopardy; The Rohit Sharma Precedent Looms
भारतीय क्रिकेट में इस समय टी20आई कप्तान सूर्यकुमार यादव (SKY) के भविष्य को लेकर काफी चर्चा है। हालांकि उन्होंने हाल ही में टीम इंडिया को आईसीसी पुरुष टी20 विश्व कप 2026 का खिताब दिलाया है, लेकिन उनके खुद के बल्ले से रनों का सूखा अब उनकी कप्तानी के लिए खतरा बनता जा रहा है।
कप्तानी सफल, पर फॉर्म ने बढ़ाई चिंता
सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में भारत का प्रदर्शन शानदार रहा है, जिसमें 2026 विश्व कप की जीत और कई द्विपक्षीय सीरीजों में सफलता शामिल है। हालांकि, व्यक्तिगत तौर पर उनका प्रदर्शन चिंताजनक रहा है:
2025 का खराब दौर: साल 2025 में सूर्या ने 21 टी20आई पारियों में केवल 218 रन बनाए, जिसमें एक भी अर्धशतक शामिल नहीं था।
बड़े मैचों में विफलता: 2026 विश्व कप के दौरान, सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ उन्होंने 11 रन बनाए और न्यूजीलैंड के खिलाफ फाइनल में शून्य पर आउट हुए।
स्ट्राइक रेट में गिरावट: कभी अपनी आक्रामक बल्लेबाजी के लिए जाने जाने वाले सूर्या का स्ट्राइक रेट 2025 में गिरकर 123 के आसपास रह गया था।
रोहित शर्मा का उदाहरण और चयनकर्ताओं का कड़ा रुख
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, बीसीसीआई (BCCI) सूर्यकुमार यादव की निरंतरता से खुश नहीं है। यहाँ रोहित शर्मा का उदाहरण सामने आ रहा है, जिन्हें 2025 चैंपियंस ट्रॉफी जीतने के बावजूद वनडे कप्तानी से हटाकर शुभमन गिल को जिम्मेदारी सौंपी गई थी। चयनकर्ता अब "लंबे समय की योजना" और "प्रदर्शन-आधारित नेतृत्व" को प्राथमिकता दे रहे हैं।
आगामी आयरलैंड और इंग्लैंड दौरा होगा निर्णायक
बीसीसीआई के सूत्रों के अनुसार, सूर्या को अपनी फॉर्म साबित करने के लिए जून-जुलाई 2026 में होने वाला आयरलैंड और इंग्लैंड दौरा आखिरी मौके के रूप में दिया जा सकता है।
यदि वे इस दौरे पर रनों की बारिश करने में विफल रहते हैं, तो 2028 लॉस एंजेलिस ओलंपिक की योजनाओं को देखते हुए शुभमन गिल को टी20आई की कप्तानी भी सौंपी जा सकती है।
वैभव सूर्यवंशी जैसे युवा खिलाड़ियों के उभरने से भी टीम में प्रतिस्पर्धा और दबाव बढ़ गया है।
क्या कहते हैं आंकड़े?
साल मैच रन औसत स्ट्राइक रेट 50/100
2023 18 733 48.86 155.95 5/2
2025 21 218 13.62 123.16 0/0
2026* 14 484 34.57 161.33 4/0
गौतम गंभीर ने फिलहाल अपने कप्तान का बचाव किया है और उनके "अल्ट्रा-अग्रेसिव" टेंपलेट का समर्थन किया है, लेकिन यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या सूर्या अपनी बल्लेबाजी के दम पर इस "कप्तानी संकट" को टाल पाते हैं या नहीं।