Pujara’s Brother-in-Law Dies by Suicide During Rajkot Legal Fight

राजकोट से एक बहुत दुखद खबर सामने आई है। भारतीय क्रिकेटर चेतेश्वर पुजारा के साले जीत रासिकभाई पबारि ने आत्महत्या कर ली। पुलिस उन्हें तुरंत एक निजी अस्पताल लेकर गई, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनका पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है।
पिछले साल 26 नवंबर 2024 को जीत की पूर्व मंगेतर ने मालवीयनगर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने आरोप लगाया था कि जीत ने शादी का झांसा देकर उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए, और इसी वजह से उनकी सगाई भी टूट गई। ठीक एक साल बाद, 26 नवंबर 2025 को जीत ने अपनी जान ले ली।
राजकोट कानूनी विवाद के बीच चेतेश्वर पुजारा के साले ने की आत्महत्या
भास्कर इंग्लिश की रिपोर्ट के मुताबिक, घटना के बाद जीत को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत बताया। पुलिस का कहना है कि पूरी जांच और पोस्टमॉर्टम के बाद ही साफ पता चलेगा कि असल में क्या हुआ।
रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया है कि जीत काफी समय से डिप्रेशन में थे। उन पर गंभीर आरोप भी लगे थे। लड़की ने यह भी आरोप लगाया कि उसे बार-बार चेतेश्वर पुजारा का नाम लेकर धमकाया जाता था और सगाई के बाद उसके साथ मारपीट भी की गई थी।
चेतेश्वर पुजारा के ससुराल वाले मूल रूप से जामजोधपुर के रहने वाले हैं, लेकिन बीस साल से राजकोट में रह रहे हैं। उनका परिवार कपास के कारोबार में है। पुजारा की पत्नी पूजा पबारि इसी परिवार से हैं।
पूजा का जन्म गोंडल में हुआ था। उन्होंने शुरुआती पढ़ाई अबू के सोफिया स्कूल में की, फिर कक्षा 11 और 12 अहमदाबाद में पूरी की। इसके बाद वह मुंबई चली गईं, जहां उन्होंने मास्टर्स डिग्री हासिल की। शादी से पहले वह एक मल्टीनेशनल कंपनी में काम भी कर चुकी हैं।
पूजा लाइमलाइट से दूर रहना पसंद करती हैं, लेकिन अपनी सादगी और स्टाइल के लिए अक्सर सराही जाती हैं। 16 सितंबर 1993 को जन्मी पूजा, पुजारा से छह साल छोटी हैं। उनके पास रिटेल मैनेजमेंट में MBA है, HR हेड के रूप में काम कर चुकी हैं और बिज़नेस में भी सक्रिय हैं।
चेतेश्वर पुजारा ने 24 अगस्त 2025 को भारतीय क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास ले लिया था। उन्होंने 2010 में टेस्ट डेब्यू किया था और धीरे-धीरे भारत के सबसे भरोसेमंद टेस्ट बल्लेबाजों में शामिल हो गए। पुजारा ने अपने टेस्ट करियर में 7,195 रन बनाए, जिसमें 19 शतक शामिल हैं। उन्होंने 2013-14 के बीच कुछ वनडे भी खेले थे। उनका आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच 2023 का वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल था।
ऑस्ट्रेलिया में 2018-19 और 2020-21 की ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज जीत में पुजारा की भूमिका बेहद अहम थी। 2018-19 की सीरीज में तो वह प्लेयर ऑफ द सीरीज भी बने थे, जब भारत ने पहली बार ऑस्ट्रेलिया की धरती पर टेस्ट सीरीज जीती थी।
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